इक तारा बनना



अर्द्ध चांद के बिछोने में
इक छोटे से तुम तारें,

इसकी अनंत यात्रा में
पुर्णिमा के साक्षी बनना,

कौंधते हर अंधेरे में
उगते सबेरे तलक रहना,

यात्री हो एक यात्रा में
बिछड़कर भीड़ में तुम भी
एक तारा बनना।

शिवं 

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